भारत में पेट्रोल महंगा हो सकता है, लेकिन फिलहाल (3 मार्च 2026 तक) ऐसा कोई इशारा नहीं है। आइए डिटेल में समझते हैं:
अभी की स्थिति क्या है?
- आज (3 मार्च 2026) पेट्रोल की कीमतें स्थिर हैं। पिछले कई महीनों से (अप्रैल 2022 से) कोई बदलाव नहीं हुआ है।
- दिल्ली में पेट्रोल ≈ ₹94.77/लीटर
- मुंबई में ≈ ₹103.54/लीटर
- कोलकाता में ≈ ₹105.45/लीटर
- चेन्नई में ≈ ₹100.85/लीटर
- सरकारी तेल कंपनियां (IOC, BPCL, HPCL) पिछले सालों में मुनाफा कमाकर नुकसान absorb कर रही हैं, इसलिए अभी पंप प्राइस नहीं बढ़ाए गए।
क्यों महंगा होने की आशंका है?
- ग्लोबल क्रूड ऑयल की कीमतें तेजी से बढ़ रही हैं (Middle East में US-Israel-Iran तनाव के कारण)।
- Brent Crude ≈ $80–84/बैरल (कुछ रिपोर्ट्स में $83+ तक पहुंचा)
- WTI Crude ≈ $76+/बैरल
- अगर Strait of Hormuz (जो दुनिया के बहुत सारे ऑयल का रास्ता है) में कोई बड़ा disruption हुआ, तो क्रूड $100+ तक जा सकता है।
- भारत 85-88% क्रूड इंपोर्ट करता है, इसलिए महंगा क्रूड → महंगा पेट्रोल/डीजल।
लेकिन अभी क्यों नहीं बढ़ रहा?
- सरकार ने कहा है: 25 दिन का क्रूड + 25 दिन का पेट्रोल/डीजल स्टॉक मौजूद है (कुल 50 दिन की सुरक्षा)।
- कोई तत्काल प्लान नहीं है प्राइस बढ़ाने का।
- आने वाले चुनावों (कुछ राज्यों में) को देखते हुए सरकार कंज्यूमर को प्रोटेक्ट करना चाहती है।
- अगर क्रूड बहुत तेजी से (जैसे $100+ लंबे समय तक) बढ़ा, तो बाद में बढ़ सकता है।
संक्षेप में: हाँ, महंगा हो सकता है — खासकर अगर Middle East का तनाव बढ़ा और क्रूड $90–100+ पर स्थिर रहा। लेकिन अभी (मार्च 2026 की शुरुआत में) कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है और निकट भविष्य में भी unlikely लग रहा है।
